Artificial Human brain लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
Artificial Human brain लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

सोमवार, 7 सितंबर 2009

मानव कृत्रिम मस्तिष्क की ओर

एक तंत्रिका विज्ञानी का दावा है कि अगले दस वर्षों के भीतर वैज्ञानिकों को मानव मस्तिष्क का माडल विकसित करने में सफलता मिल सकती है | यह कृत्रिम दिमाग असली दिमाग कि तरह काम करेगा |

स्वीटजरलैंड के 'ब्रेन माईंड इंस्टीट्युट' में प्रोफ़ेसर हेनरी मार्करैम ने मिडिया से बातचीत में कहा , " मै पुरी तरह से मानता हूँ कि ऐसा तकनीकी और जैविक रूप से सम्भव है | ऐसी ईजाद के लिए भारी संसाधन कि जरूरत पड़ सकती है | वितीय संसाधन की कमी इसमे अर्चन पैदा कर सकती है | यह बहुत ही खर्चीली परियोजना साबित होगी |' इंसान के दिमाग का माडल तैयार करना वाकई बेहद जटिल काम है , क्योंकि दिमाग करोड़ों तंतुओ, लाखों नसों व प्रोटीन और हजारों जीन से बना है | इतनी सूक्ष्मताओं का सार समझते हुए दिमाग की रचना करना बेहद जटिल तो है पर नामुमकिन नही | कभी हम रोबोट की परिकल्पना को फंतासी मानते थे , पर आज रोबोट इंसान से हजारों गुना ज्यादा सक्रियता के साथ बारीक़ से बारीक़ कार्य को कर सकता है | कृत्रिम दिमाग के विकास में पिछले सौ वर्षों में हुए शोध निष्कर्षों को एक जगह इकट्ठा कर दिमागी संक्रियाओं को समझना बड़ी चुनौती है | दिमाग के आंतरिक विद्युत चुम्बकीये रासायनिक प्रारूप के रहस्य को जानना इस दिशा में बड़ी कामयाबी होगी|

Subscribe to maithil by Email